मधेपुरा जिले के मुर्हो और गम्हरिया क्षेत्र में 'हर घर नल का जल' योजना के तहत जलापूर्ति व्यवस्था को सुदृढ़ बनाने के उद्देश्य से 3 नवंबर को पीएचईडी (लोक स्वास्थ्य अभियंत्रण विभाग) की विशेष टीम ने व्यापक निरीक्षण अभियान चलाया। टीम ने दोनों क्षेत्रों की पाइपलाइनों का निरीक्षण करते हुए कई स्थानों पर हुए लीकेज को तत्काल सुधारा और जलापूर्ति की लाइव मॉनिटरिंग की। इस दौरान टीम ने घरों तक पहुंच रहे पानी की गुणवत्ता और दबाव की भी जांच की।
जानकारी के अनुसार, पिछले कुछ दिनों से मुर्हो और गम्हरिया के कुछ वार्डों में पाइपलाइन लीकेज की शिकायतें मिल रही थीं, जिससे जलापूर्ति प्रभावित हो रही थी और सड़कों पर पानी बहने से आमजन को परेशानी का सामना करना पड़ रहा था। इसी को संज्ञान में लेते हुए पीएचईडी के कार्यपालक अभियंता के निर्देश पर गठित टीम ने मौके पर पहुंचकर जर्जर पाइपों को बदला और लीकेज को ठीक किया। टीम ने वाल्व और मीटरिंग सिस्टम की भी जांच की ताकि आगे कोई व्यवधान न हो।
पीएचईडी टीम ने जलापूर्ति मॉनिटरिंग के दौरान यह सुनिश्चित किया कि योजना के तहत प्रत्येक घर तक निर्धारित समय पर पर्याप्त मात्रा में जल पहुंचे। टीम ने कुछ स्थानों पर जल के नमूने भी एकत्र किए, जिन्हें जांच के लिए प्रयोगशाला भेजा जाएगा। अधिकारियों ने बताया कि जल की गुणवत्ता और नियमित आपूर्ति सुनिश्चित करना विभाग की प्राथमिकता है और ऐसे निरीक्षण आगे भी जारी रहेंगे।
स्थानीय निवासियों ने इस पहल का स्वागत किया है। मुर्हो के एक ग्रामीण ने बताया कि पाइपलाइन लीकेज के कारण कई दिनों से पानी का दबाव कम था, लेकिन टीम के आने के बाद अब जलापूर्ति पहले से बेहतर हो गई है। गम्हरिया की एक महिला ने कहा कि नल से साफ पानी मिलने से रोजमर्रा के कामों में काफी सहूलियत हो रही है। ग्रामीणों ने प्रशासन से नियमित निगरानी की मांग भी की है।
विभागीय सूत्रों के मुताबिक, 'हर घर नल का जल' योजना के तहत मधेपुरा जिले में अब तक हजारों घरों तक नल कनेक्शन पहुंचाए जा चुके हैं और शेष क्षेत्रों में काम तेजी से चल रहा है। पीएचईडी की यह कार्रवाई योजना की गुणवत्ता और दक्षता को बनाए रखने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम मानी जा रही है। अधिकारियों ने आमजन से अपील की है कि यदि कहीं भी पाइपलाइन लीकेज या जलापूर्ति में व्यवधान हो तो तुरंत विभागीय हेल्पलाइन पर शिकायत दर्ज कराएं।