मधेपुरा के बीएन मंडल विश्वविद्यालय ने युवाओं को रोजगारपरक शिक्षा प्रदान करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम उठाया है। 3 नवंबर को विश्वविद्यालय परिसर में वोकेशनल और स्किल डेवलपमेंट कोर्सेस तथा तकनीकी डिप्लोमा कार्यक्रमों की औपचारिक शुरुआत की गई। इस पहल का उद्देश्य छात्रों को उद्योग-उन्मुख कौशल से लैस करना है, ताकि वे प्रतिस्पर्धी बाजार में आत्मनिर्भर बन सकें।
उद्घाटन समारोह में विश्वविद्यालय के कुलपति और अन्य गणमान्य अधिकारियों ने भाग लिया। कुलपति ने अपने संबोधन में कहा कि ये कोर्सेस राष्ट्रीय शिक्षा नीति (एनईपी) 2020 के तहत कौशल विकास को बढ़ावा देने के लिए डिज़ाइन किए गए हैं। उन्होंने जोर दिया कि केवल डिग्री से रोजगार नहीं मिलता, बल्कि व्यावहारिक कौशल और तकनीकी ज्ञान ही युवाओं को सशक्त बना सकता है।
शुरू किए गए कोर्सेस में कंप्यूटर एप्लीकेशन, डिजिटल मार्केटिंग, इलेक्ट्रिकल टेक्नीशियन, वेल्डिंग, ऑटोमोबाइल सर्विसिंग और हेल्थकेयर सहायक जैसे क्षेत्र शामिल हैं। ये कोर्सेस स्थानीय उद्योगों की आवश्यकताओं को ध्यान में रखते हुए तैयार किए गए हैं, जिससे प्रशिक्षणार्थियों को इंटर्नशिप और प्लेसमेंट के बेहतर अवसर मिल सकें। विश्वविद्यालय ने कई निजी कंपनियों और स्किल ट्रेनिंग संस्थानों के साथ साझेदारी भी की है।
इन कोर्सेस में प्रवेश के लिए न्यूनतम योग्यता 10वीं या 12वीं पास निर्धारित की गई है, और अल्पसंख्यक, पिछड़ा वर्ग तथा महिला उम्मीदवारों को विशेष छूट दी जाएगी। प्रशिक्षण के दौरान छात्रों को व्यावहारिक कक्षाओं के साथ-साथ उद्योग विशेषज्ञों के व्याख्यान और लाइव प्रोजेक्ट्स का अनुभव भी मिलेगा। कोर्स पूरा होने पर प्रमाणपत्र के साथ-साथ प्लेसमेंट सहायता भी प्रदान की जाएगी।
स्थानीय युवाओं और अभिभावकों ने इस पहल का स्वागत किया है। उनका कहना है कि इससे ग्रामीण क्षेत्रों के छात्रों को शहरों की भागदौड़ से बचते हुए गुणवत्तापूर्ण कौशल शिक्षा मिल सकेगी। विश्वविद्यालय प्रशासन ने जानकारी दी है कि प्रवेश प्रक्रिया तुरंत शुरू हो गई है और इच्छुक उम्मीदवार विश्वविद्यालय की आधिकारिक वेबसाइट या परिसर स्थित काउंसलिंग सेल से संपर्क कर सकते हैं।